V
E
उत्तर प्रदेश के जिले
भारत के राज्य
🔥 ट्रेंडिंग

राम भरोसे गांव, सफाई में कोताही

जौनपुर। जिले में पंचायत चुनाव की सरगर्मी पिछले दो माह से चल रही थी। विकास कार्य तो ठप पड़े ही रहे साथ में वहां साफ सफाई का काम भी पहले से ही ठंडे बस्ते में चला गया। अब वर्तमान में संक्रमण का असर जब तेज हो गया है तो भी गांवों की ओर तो किसी का ध्यान ही नहीं जा रहा। कोरोना की जांच, अन्य बीमारियों में इलाज के साथ वैक्सीनेशन को लेकर भी लगातार लापरवाही दिख रही है। यही कारण है कि   ग्रामीण क्षेत्र के लोगों के मरने का आंकड़ा डराने वाला है। जिले की ग्राम पंचायतों में चुनाव को लेकर मचा घमासान तो शांत हो गया लेकिन उसके साथ-साथ चल रहा कोरोना महामारी की लहर और तेज हो चुकी है। पंचायत चुनाव के दौरान जिस तरह मतदान में और उसके बाद मतगणना के समय लोग बेपरवाह होकर भीड़ में एकत्र हो रहे थे उससे संक्रमण तो बढ़ना ही था। वैसे इसका अभी तक स्वास्थ्य विभाग ने कोई आंकड़ा नहीं जुटाया कि गांव में संक्रमण की दर क्या है  । पंचायत में चुन कर आए नए प्रधानों ने चुनाव के समय संकल्प लिया था कि वह जीत जाने के बाद गांव में साफ सफाई से लेकर पानी आदि के उचित इंतजाम करेंगे। वह संकल्प लिए बहुत समय नहीं बीता लेकिन अभी से उसकी सच्चाई सामने आने लगी है। गांव में गंदगी के कारण बीमारी फैल रही हैं। लोग वैक्सीनेशन के साथ संक्रमण से बचाव को लेकर भी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं।  

"लोकमित्र" देश का बड़ा विश्वसनीय हिन्दी दैनिक एवं डिजिटल न्यूज़ चैनल है जो कि आपको राजनीति, मनोरंजन, देश-विदेश करंट अफेयर्स, खेल और देश की सभी बड़ी खबरों पर अपनी नजर रखता है और अपने पाठकों को जनता से जुड़े मुद्दों पर जागरूक बनाए रखता है।

जौनपुर। जिले में पंचायत चुनाव की सरगर्मी पिछले दो माह से चल रही थी। विकास कार्य तो ठप पड़े ही रहे साथ में वहां साफ सफाई का काम भी पहले से ही ठंडे बस्ते में चला गया। अब वर्तमान में संक्रमण का असर जब तेज हो गया है तो भी गांवों की ओर तो किसी का ध्यान ही नहीं जा रहा। कोरोना की जांच, अन्य बीमारियों में इलाज के साथ वैक्सीनेशन को लेकर भी लगातार लापरवाही दिख रही है। यही कारण है कि   ग्रामीण क्षेत्र के लोगों के मरने का आंकड़ा डराने वाला है। जिले की ग्राम पंचायतों में चुनाव को लेकर मचा घमासान तो शांत हो गया लेकिन उसके साथ-साथ चल रहा कोरोना महामारी की लहर और तेज हो चुकी है। पंचायत चुनाव के दौरान जिस तरह मतदान में और उसके बाद मतगणना के समय लोग बेपरवाह होकर भीड़ में एकत्र हो रहे थे उससे संक्रमण तो बढ़ना ही था। वैसे इसका अभी तक स्वास्थ्य विभाग ने कोई आंकड़ा नहीं जुटाया कि गांव में संक्रमण की दर क्या है  । पंचायत में चुन कर आए नए प्रधानों ने चुनाव के समय संकल्प लिया था कि वह जीत जाने के बाद गांव में साफ सफाई से लेकर पानी आदि के उचित इंतजाम करेंगे। वह संकल्प लिए बहुत समय नहीं बीता लेकिन अभी से उसकी सच्चाई सामने आने लगी है। गांव में गंदगी के कारण बीमारी फैल रही हैं। लोग वैक्सीनेशन के साथ संक्रमण से बचाव को लेकर भी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं।  

Leave a Comment