बाबा के जयकारे से पूरे दिन गूंज रहे थे मंदिर परिसर भोले भंडारी के गीतों पर जमकर झूमे कावरियाँ
लोकमित्र ब्यूरो
मेजा (प्रयागराज)। सावन मास की तेरस यानी शिवरात्रि तिथि पर बाबा के भक्त कांवरिया के रूप में प्रयागराज से जल भरकर पैदल यात्रा कर मंगलवार सुबह मेजा के बोलन धाम जलाभिषेक के लिए पहुंचे। प्रधान सावित्री गुप्ता और प्रतिनिधि जंगीलाल गुप्ता ने मंदिर परिसर में कावरियों की भव्य आगवानी की। मंदिर के पुजारी द्वारा जल संकल्प के बाद हर हर महादेव के उदघोष के साथ जलाभिषेक किया गया। सावन मास की तेरस को जलाभिषेक फलदायी बताया गया है।पुराणों में इसका उल्लेख किया गया है।वैसे तो पूरा सावन महीना बाबा भोलेनाथ को समर्पित माना जाता है लेकिन महीने की कुछ तिथियां विशेष फलदायी मानी गयी है। मेजा बाजार के दर्जनों कांवरिया सोमवार को सड़कों पर डीजे की धुन पर नाचते गाते जल भरने के लिए प्रयागराज के दशास्वमेध घाट पहुंचे थे। डम डम डमरू बजावे,हमार जोगिया,जैसे भजन पर खूब धमाल रहा। प्रयागराज से जल भरकर पैदल यात्रा कर कावरिया मंगलवार सुबह जब मंदिर पहुंचे तो प्रधान के साथ बाजार की भीड़ ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया है।यह नजारा अभूतपूर्व रहा। मंगलवार को क्षेत्र के शिव मंदिर सिरसा के श्रीनाथ बाबा मंदिर, भटौती पहड़ी महादेव मंदिर, मेजा के बोलने धाम मंदिर सहित अन्य शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए भक्तों की भारी भीड़ देखी गयी। भक्तों ने हर-हर महादेव, बम बम भोले के उदघोष के साथ जलाभिषेक किया गया। भोर से प्रारंभ हुआ जलाभिषेक का सिलसला, पूजन-अर्चन, ऊंनम: शिवाय जाप, बम-बम भोले की गूंज से मंदिर परिसर शिवमय हो गए थे।। नंगे पांव आए भक्तों ने भजन-कीर्तन करते हुए भगवान भोले की अराधना व पूजा की।पूरे दिन जयघोष, शंखनाद, शिव स्तुति से माहौल भक्तिमय बना रहा। सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन की टीम मुस्तैद रही।



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