V
E
उत्तर प्रदेश के जिले
भारत के राज्य
🔥 ट्रेंडिंग

बारिश से सब्जियो के बेतहाशा बढ़े दाम

उपभोक्ताओ का बिगड़ा बजट, लोग परेशान
प्रतापगढ़ (ब्यूरो)। विगत सप्ताह तीन चार दिनो तक लगातार हुई बारिश तथा दो दिनो से पुनः बारिश का क्रम जारी रहने के कारण सब्जियो के दाम काफी बढ़ गए है। इससे सब्जियां खरीदने पर जहां उपभोक्ताओ की जेब अधिक खाली हो रही है। वही उनका बजट भी बिगड़ गया। उधर किसानो का कहना है कि बारिश के कारण खेतो में पानी भर जाने के काण उनकी सब्जी की फसल बर्बाद हो गई है। साथ ही सब्जी के पौधे भी सड़कर नष्ट हो गए है। मण्डी में आवक कम हो जाने के कारण सब्जियो का दाम काफी बढ़ गया है। बताते चले कि इस साल भादो के महीने में बारिश ने इस कदर कहर बरपाया कि सब्जी किसान बर्बाद हो गए। उनकी खेती जहां पूरी तरह नष्ट हो गई। वही उपभोक्ता अधिक कीमत चुराकर इसका खामियाजा भुगत रहे है। उन्हे महंगाई के कारण दुगने से अधिक दाम में सब्जियां खरीदनी पड़ रही है। बारिश के पहले बाजार में 10 से 15 रूपए प्रति किलो बिकने वाला नेनुआ इस समय 30 से 40 रूपए में बिक रहा है। इसी तरह भिण्डी लौकी पालक, कोहड़ा, तोरई, परवल, टमाटर मूली, करैला फूल गोभी सभी का दाम बढ़ गया है। इनका दाम दुगने से भी अधिक हो गया है। वही बेतहाशा दाम बढ़ने के कारण फुटकर बाजार में सब्जियो की बिक्री भी कम हो गई है। विक्रेताओ का कहना है कि सब्जी महंगी होने के कारण बिक्री काफी प्रभावित हो गई है। सब्जी विक्रेता राकेश का कहना है कि अब ग्राहक बहुत कम दिख रहे है। पहले दिनभर में 25 किग्रा. नेनुआ, 25 किग्रा भिण्डी, दस किग्रा परवल, 50 किग्रा. कोहड़ा बिक जाता है। अब इसकी बिक्री काफी कम हो गई है। महंगाई के कारण सब्जी के खरीददार काफी कम आ गए है। अन्य दुकानदार भी इसी दिक्कत का सामना कर रहे है। इससे उनकी कमाई भी आधी हो गई है। बताते चले कि जिले में गड़वारा एवं अंतू इलाका सब्जी के लिए सबसे बेहतर क्षेत्र है। इस क्षेत्र में सब्जियो की खेती अधिक होती है। यहां की सब्जी महुली स्थित थोक मण्डी में भी बिकने के लिए आती है। वही बारिश से सब्जी किसान तवाह हो गए है। इससे बारिश के बाद से महुली मण्डी में सब्जियो की आवक काफी कम हो गई है। वहां पर पहले जहां करीब दस कुंतल नेनुआ आता था। वही अब चार कुंतल नहीं आ पा रहा है। भिण्डी लौकी समेत अन्य सब्जियो का भी यही हाल है। सभी हरी सब्जियो की आवक काफी कम हो गई है। आवक कम होने के कारण उनके दाम भी बढ़ गए है। ऐसे में मुडेरा मण्डी से भी यहां सब्जियां मंगाई जा रही है।

"लोकमित्र" देश का बड़ा विश्वसनीय हिन्दी दैनिक एवं डिजिटल न्यूज़ चैनल है जो कि आपको राजनीति, मनोरंजन, देश-विदेश करंट अफेयर्स, खेल और देश की सभी बड़ी खबरों पर अपनी नजर रखता है और अपने पाठकों को जनता से जुड़े मुद्दों पर जागरूक बनाए रखता है।

उपभोक्ताओ का बिगड़ा बजट, लोग परेशान
प्रतापगढ़ (ब्यूरो)। विगत सप्ताह तीन चार दिनो तक लगातार हुई बारिश तथा दो दिनो से पुनः बारिश का क्रम जारी रहने के कारण सब्जियो के दाम काफी बढ़ गए है। इससे सब्जियां खरीदने पर जहां उपभोक्ताओ की जेब अधिक खाली हो रही है। वही उनका बजट भी बिगड़ गया। उधर किसानो का कहना है कि बारिश के कारण खेतो में पानी भर जाने के काण उनकी सब्जी की फसल बर्बाद हो गई है। साथ ही सब्जी के पौधे भी सड़कर नष्ट हो गए है। मण्डी में आवक कम हो जाने के कारण सब्जियो का दाम काफी बढ़ गया है। बताते चले कि इस साल भादो के महीने में बारिश ने इस कदर कहर बरपाया कि सब्जी किसान बर्बाद हो गए। उनकी खेती जहां पूरी तरह नष्ट हो गई। वही उपभोक्ता अधिक कीमत चुराकर इसका खामियाजा भुगत रहे है। उन्हे महंगाई के कारण दुगने से अधिक दाम में सब्जियां खरीदनी पड़ रही है। बारिश के पहले बाजार में 10 से 15 रूपए प्रति किलो बिकने वाला नेनुआ इस समय 30 से 40 रूपए में बिक रहा है। इसी तरह भिण्डी लौकी पालक, कोहड़ा, तोरई, परवल, टमाटर मूली, करैला फूल गोभी सभी का दाम बढ़ गया है। इनका दाम दुगने से भी अधिक हो गया है। वही बेतहाशा दाम बढ़ने के कारण फुटकर बाजार में सब्जियो की बिक्री भी कम हो गई है। विक्रेताओ का कहना है कि सब्जी महंगी होने के कारण बिक्री काफी प्रभावित हो गई है। सब्जी विक्रेता राकेश का कहना है कि अब ग्राहक बहुत कम दिख रहे है। पहले दिनभर में 25 किग्रा. नेनुआ, 25 किग्रा भिण्डी, दस किग्रा परवल, 50 किग्रा. कोहड़ा बिक जाता है। अब इसकी बिक्री काफी कम हो गई है। महंगाई के कारण सब्जी के खरीददार काफी कम आ गए है। अन्य दुकानदार भी इसी दिक्कत का सामना कर रहे है। इससे उनकी कमाई भी आधी हो गई है। बताते चले कि जिले में गड़वारा एवं अंतू इलाका सब्जी के लिए सबसे बेहतर क्षेत्र है। इस क्षेत्र में सब्जियो की खेती अधिक होती है। यहां की सब्जी महुली स्थित थोक मण्डी में भी बिकने के लिए आती है। वही बारिश से सब्जी किसान तवाह हो गए है। इससे बारिश के बाद से महुली मण्डी में सब्जियो की आवक काफी कम हो गई है। वहां पर पहले जहां करीब दस कुंतल नेनुआ आता था। वही अब चार कुंतल नहीं आ पा रहा है। भिण्डी लौकी समेत अन्य सब्जियो का भी यही हाल है। सभी हरी सब्जियो की आवक काफी कम हो गई है। आवक कम होने के कारण उनके दाम भी बढ़ गए है। ऐसे में मुडेरा मण्डी से भी यहां सब्जियां मंगाई जा रही है।

Leave a Comment