प्रतापगढ़ (ब्यूरो)। न्यायालय विशेष पास्को कोर्ट के न्यायाधीश पंकज श्रीवास्तव ने अभियुक्त रेवतीरमण सिंह को छेड़खानी व बलात्कार के मामले में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास तथा तीस हजार रूपए के अर्थदण्ड से दण्डित करने का आदेश पारित किया। साथ ही जान से मारने की धमकी के आरोप से बरी किया। न्यायालय ने छेड़खानी के आरोप में 5 वर्ष का कारावास तथा दस हजार रूपए अर्थदण्ड से दण्डित किया तथा जेल मे बितायी गयी अवधि समाज में समायोजित की जाएगी। बता दे कि 2 मार्च 2017 को वादी ने इस आशय का प्रार्थना पत्र दिया कि मेरे न्यायालय में कार्यरत अर्दली अभियुक्त रेवती रमण सिंह द्वारा मेरी सात वर्षीय पुत्री से मेरे आवास जजेज कालोनी में भिन्न भिन्न समय पर पिछले कुछ दिनो से गलत नियत से शारीरिक छेड़छाड़ की जा रही है। इसकी जानकारी आज मेरी पुत्री द्वारा दी गई। मेरे पूछे जाने पर उसने बताया कि वह अंगो को छूता था तथा मना करने पर मम्मी पापा की कसम दिलाकर किसी को न बताने की धमकी देता था। राज्य की ओर से पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता देवेश त्रिपाठी ने किया।



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