V
E
उत्तर प्रदेश के जिले
भारत के राज्य
🔥 ट्रेंडिंग

दहेज हत्यारोपी पति व सास को सात वर्ष का कारावास

प्रतापगढ़ (ब्यूरो)। अपर सत्र न्यायाधीश संतोष कुमार त्रिपाठी ने दहेज हत्या व दहेज उत्पीड़न के आरोप में बब्लू सरोज व फूल कली को दोषी पाते हुए 7-7 वर्ष व 15000-15000 रूपए के अर्थदण्ड से दण्डित किया। वादिनी आशा देवी पत्नी इन्द्रपाल निवासी कुण्डा ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया कि उसकी लड़की रेखा देवी का विवाह चार वर्ष पहले बबलू सरोज सुत रामपाल निवासी परानूपुर थाना हथिगवां के साथ हुआ था। शादी के बाद से ही उसके पति सास देवर ननद दहेज में जंजीर व हीरोहोण्डा की मांग करते तथा उसे तरह तरह से प्रताड़ित करते। उसके एक 3 साल का लड़का व 6 माह की पुत्री है। घटना 11 दिसम्बर 2010 को रात में मेरी पुत्री को दहेज के कारण पति बबलू, सास फूलकली देवर विपिन व गोपी तथा ननद ने मिलकर मार डाला। उक्त लोग पुत्री को जलाने जा रहे थे, विरोध करने पर लाश को गंगाघाट पर गाड़ दिय। उनके राजनैतिक दबाव के कारण प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। राज्य की ओर से पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता राकेश प्रताप सिंह व रवीन्द्र बहादुर सिंह ने किया।

"लोकमित्र" देश का बड़ा विश्वसनीय हिन्दी दैनिक एवं डिजिटल न्यूज़ चैनल है जो कि आपको राजनीति, मनोरंजन, देश-विदेश करंट अफेयर्स, खेल और देश की सभी बड़ी खबरों पर अपनी नजर रखता है और अपने पाठकों को जनता से जुड़े मुद्दों पर जागरूक बनाए रखता है।

प्रतापगढ़ (ब्यूरो)। अपर सत्र न्यायाधीश संतोष कुमार त्रिपाठी ने दहेज हत्या व दहेज उत्पीड़न के आरोप में बब्लू सरोज व फूल कली को दोषी पाते हुए 7-7 वर्ष व 15000-15000 रूपए के अर्थदण्ड से दण्डित किया। वादिनी आशा देवी पत्नी इन्द्रपाल निवासी कुण्डा ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया कि उसकी लड़की रेखा देवी का विवाह चार वर्ष पहले बबलू सरोज सुत रामपाल निवासी परानूपुर थाना हथिगवां के साथ हुआ था। शादी के बाद से ही उसके पति सास देवर ननद दहेज में जंजीर व हीरोहोण्डा की मांग करते तथा उसे तरह तरह से प्रताड़ित करते। उसके एक 3 साल का लड़का व 6 माह की पुत्री है। घटना 11 दिसम्बर 2010 को रात में मेरी पुत्री को दहेज के कारण पति बबलू, सास फूलकली देवर विपिन व गोपी तथा ननद ने मिलकर मार डाला। उक्त लोग पुत्री को जलाने जा रहे थे, विरोध करने पर लाश को गंगाघाट पर गाड़ दिय। उनके राजनैतिक दबाव के कारण प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। राज्य की ओर से पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता राकेश प्रताप सिंह व रवीन्द्र बहादुर सिंह ने किया।

Leave a Comment