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महिलाएं ही ज्यादा जलवायु संकट के प्रभाव का अनुभव करती हैं: डॉ कृष्णा मिश्रा

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर राष्ट्रीय संगोष्ठी में संपन्न ,
प्रयागराज। सोसाइटी ऑफ बायोलॉजिकल साइंसेज एंड रूरल डेवलपमेंट, प्रयागराज में आज अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर “आज हम समान तो कल हम सतत” नामक विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का ऑनलाइन तथा ऑफलाइन आयोजन संपन्न हुआ।  इस कार्यक्रम में सभी अतिथियों का स्वागत डॉ ज्योति वर्मा, असिस्टेंट प्रोफेसर, जंतु विज्ञान विभाग, सी एम पी कॉलेज प्रयागराज ने किया। इस कार्यक्रम की संपूर्ण रूप रेखा की जानकारी डॉक्टर हेमलता पंत, आयोजक सचिव, राष्ट्रीय संगोष्ठी ने प्रस्तुत किया। कार्यक्रम की संयोजिका डॉ अर्चना उदय सिंह, प्रधान वैज्ञानिक सूत्रकृमि संभाग, आईसीएआर, आईएआरआई, पूसा नई दिल्ली ने उपरोक्त कार्यक्रम की मुख्य अतिथि का परिचय दिया। इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, डॉक्टर धृति बनर्जी, निदेशक, जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया, कोलकाता ने अपने संभाषण में बताया कि इस दिवस को इस वर्ष- एक स्थाई कल के लिए आज लैंगिक समानता विषय के तहत मनाया जा रहा है। संयुक्त राष्ट्र ने कहां है कि महिला और दुनिया को एक स्थाई कल के लिए आज की लैंगिक समानता के तहत एक साथ आने में शामिल करें , और महिलाओं द्वारा महिलाओं के लिए जलवायु कार्यवाही का आह्वान करें। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता  डॉक्टर कृष्णा मिश्रा एमेरिटस प्रोफेसर ट्रिपल आईटी झलवा प्रयागराज ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा की महिलाएं जलवायु संकट के सबसे बड़े प्रभावों का अनुभव करती हैं क्योंकि यह मौजूदा लैंगिक असमानताओं को बढ़ाती है और महिलाओं के जीवन और आजीविका को खतरे में डालती हैं। दुनिया भर में महिलाएं प्राकृतिक संसाधनों पर अधिक निर्भर करती हैं फिर भी उनकी पहुंच बहुत कम होती है। जलवायु अनुकूलन शमन और समाधान में परिवर्तन को आगे बढ़ाने और चलाने के लिए महिलाएं आवश्यक हैं। इस कार्यक्रम में डॉक्टर धृति बनर्जी को प्रशासन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए संस्था द्वारा नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित भी किया गया। इस कार्यक्रम में धन्यवाद ज्ञापन मिस विनी जॉन, पादप रोग विज्ञान विभाग शुआटस द्वारा दिया गया। इस कार्यक्रम इस कार्यक्रम में डॉक्टर सुजाता गुप्ता, डॉक्टर संगीता, डॉ साधना व्यास ,डॉ अर्चना त्रिपाठी श्रीमती आदर्श तिवारी, डॉक्टर प्रतिमा चैतन्या, श्रीमती शिखा जयसवाल, डॉक्टर मोनिका सिंह, डॉक्टर दीपांजलि पांडे, डॉक्टर मणि माला डॉक्टर सरिता त्रिपाठी, डॉक्टर निधि शुक्ला, श्रीमती अर्चना राय एवं डॉ शोभा ठाकुर को उनके अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने हेतु नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में विभिन्न विश्वविद्यालयों,  महाविद्यालयों व शोध संस्थानों की प्राध्यापिकाओं एवं छात्राओं ने सहभागिता की।

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अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर राष्ट्रीय संगोष्ठी में संपन्न ,
प्रयागराज। सोसाइटी ऑफ बायोलॉजिकल साइंसेज एंड रूरल डेवलपमेंट, प्रयागराज में आज अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर “आज हम समान तो कल हम सतत” नामक विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का ऑनलाइन तथा ऑफलाइन आयोजन संपन्न हुआ।  इस कार्यक्रम में सभी अतिथियों का स्वागत डॉ ज्योति वर्मा, असिस्टेंट प्रोफेसर, जंतु विज्ञान विभाग, सी एम पी कॉलेज प्रयागराज ने किया। इस कार्यक्रम की संपूर्ण रूप रेखा की जानकारी डॉक्टर हेमलता पंत, आयोजक सचिव, राष्ट्रीय संगोष्ठी ने प्रस्तुत किया। कार्यक्रम की संयोजिका डॉ अर्चना उदय सिंह, प्रधान वैज्ञानिक सूत्रकृमि संभाग, आईसीएआर, आईएआरआई, पूसा नई दिल्ली ने उपरोक्त कार्यक्रम की मुख्य अतिथि का परिचय दिया। इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, डॉक्टर धृति बनर्जी, निदेशक, जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया, कोलकाता ने अपने संभाषण में बताया कि इस दिवस को इस वर्ष- एक स्थाई कल के लिए आज लैंगिक समानता विषय के तहत मनाया जा रहा है। संयुक्त राष्ट्र ने कहां है कि महिला और दुनिया को एक स्थाई कल के लिए आज की लैंगिक समानता के तहत एक साथ आने में शामिल करें , और महिलाओं द्वारा महिलाओं के लिए जलवायु कार्यवाही का आह्वान करें। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता  डॉक्टर कृष्णा मिश्रा एमेरिटस प्रोफेसर ट्रिपल आईटी झलवा प्रयागराज ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा की महिलाएं जलवायु संकट के सबसे बड़े प्रभावों का अनुभव करती हैं क्योंकि यह मौजूदा लैंगिक असमानताओं को बढ़ाती है और महिलाओं के जीवन और आजीविका को खतरे में डालती हैं। दुनिया भर में महिलाएं प्राकृतिक संसाधनों पर अधिक निर्भर करती हैं फिर भी उनकी पहुंच बहुत कम होती है। जलवायु अनुकूलन शमन और समाधान में परिवर्तन को आगे बढ़ाने और चलाने के लिए महिलाएं आवश्यक हैं। इस कार्यक्रम में डॉक्टर धृति बनर्जी को प्रशासन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए संस्था द्वारा नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित भी किया गया। इस कार्यक्रम में धन्यवाद ज्ञापन मिस विनी जॉन, पादप रोग विज्ञान विभाग शुआटस द्वारा दिया गया। इस कार्यक्रम इस कार्यक्रम में डॉक्टर सुजाता गुप्ता, डॉक्टर संगीता, डॉ साधना व्यास ,डॉ अर्चना त्रिपाठी श्रीमती आदर्श तिवारी, डॉक्टर प्रतिमा चैतन्या, श्रीमती शिखा जयसवाल, डॉक्टर मोनिका सिंह, डॉक्टर दीपांजलि पांडे, डॉक्टर मणि माला डॉक्टर सरिता त्रिपाठी, डॉक्टर निधि शुक्ला, श्रीमती अर्चना राय एवं डॉ शोभा ठाकुर को उनके अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने हेतु नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में विभिन्न विश्वविद्यालयों,  महाविद्यालयों व शोध संस्थानों की प्राध्यापिकाओं एवं छात्राओं ने सहभागिता की।

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