एमपी/ एमएलए कोर्ट से भाजपा विधायक अपने साथियों संग हुए बेदाग बरी
अयोध्या। मिल्कीपुर के भाजपा विधायक बाबा गोरखनाथ उर्फ गौरव को दो पुराने अपराधिक मुकदमे में राहत मिल गई है । एमपी /एमएलए कोर्ट की विशेष न्यायाधीश पूजा सिंह ने गवाहों के बयान एवं बचाव पक्ष के तर्कों के अवलोकन तथा वादी मुकदमा के होस्टाइल होने के पश्चात दोनों मामले में मिल्कीपुर के भाजपा विधायक बाबा गोरखनाथ समेत तीन आरोपितों विनोद सिंह व राजकुमार को संदेह का लाभ देकर दोषमुक्त कर दिया। फैसले के पश्चात तीनो आरोपितों को न्यायिक हिरासत से मुक्त करने का आदेश पारित किया। यह दोनों मुकदमे अयोध्या के कैंट थाना क्षेत्र के वर्ष 2009 व 2015 के हैं। बचाव पक्ष से वरिष्ठ अधिवक्ता पवन तिवारी सुधाकर पांडे विनय पांडे ने भाजपा विधायक समेत अन्य आरोपियों के पक्ष में जोरदार पैरवी करते हुए उन्हें निर्दोष बताया।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक पहला मामला 22 मार्च 2009 को दिन के 2 बजे का है। वादी मुकदमा पवन कुमार मौर्य अपनी दुकान माँ ज्वाला ऑटो पार्ट्स सहादत गंज में बैठा था । उसी समय एक काली बोलेरो दुकान के सामने आकर रुकी। वाहन में विनोद सिंह राजेपुर व बाबा गोरखनाथ उर्फ गौरव के अलावा चार पांच लोग उतरे जिसके बाद साइकिल स्टैंड की रंजिश को लेकर सभी लोग दुकान में घुस गए। विनोद सिंह ने वादी के सीने पर राइफल लगाकर मारा पीटा। इसके बाद राइफल की बट तथा बेल्ट से से भी मारा। गुहार पर जब दुकान पर लोग पहुंचे तब बाबा गोरखनाथ ने कट्टा निकालकर तान दिया और कहा कि कोई बीच में ना आए और ललकारते हुए जान से मारने की धमकी दिया।इस दौरान भीड़ देख कर असलहा लहराते हुए सभी लोग भाग गए । घटना को सत्तू यादव व धर्मेंद्र यादव के अलावा कई लोगों ने देखा। यह मुकदमा ऑटो पार्ट्स के व्यवसाई पवन कुमार मौर्य की तहरीर पर थाना कैंट में अपराध संख्या 648/ 2009 के तहत दर्ज किया गया है। वही दूसरा मामला रामजीत यादव पुत्र बृजलाल निवासी बढ़ई का पुरवा सहादतगंज अपने वाहन से 1 अगस्त 2015 को दिन के 1:30 बजे अपने घर आ रहा था। इसी दौरान बाबा गोरखनाथ व राजकुमार के अलावा दो अज्ञात लोगों ने उसके वाहन को रोककर चाबी निकाल लिया और बोले मुर्गा नहीं खिलाओगे तब रामजीत ने कहा मैंने कब मना किया है। इसी बात पर बाबा गोरखनाथ नाराज हो गए और कहा मैं मुर्गा खिलाता हूं। उसके बाद गाड़ी से उसे बाहर खींच लिया और लात घुसा से मारने लगे। वाहन को भी क्षतिग्रस्त करते हुए जान से मारने की धमकी दिया। वादी मुकदमा किसी तरह जान बचाकर भागा। घटना की रिपोर्ट पीड़ित रामजीत की तहरीर पर थाना कैंट में अपराध संख्या 98/15 के तहत गोरखनाथ व राजकुमार के अलावा दो अज्ञात के विरुद्ध दर्ज किया गया। आरोप पत्र आने के बाद दोनों मुकदमों की सुनवाई एमपी एमएलए कोर्ट में शुरू हुई। सुनवाई के दौरान दोनों मुकदमे के वादी ने अभियोजन पक्ष की कहानी का समर्थन नहीं किया एवं अन्य गवाह भी होस्टाइल हो गए। विशेष न्यायाधीश ने बचाव पक्ष के तर्को के अवलोकन तथा गवाहों के बयान के आधार पर दोनों मुकदमों में आरोपित भाजपा विधायक बाबा गोरखनाथ के अलावा विनोद सिंह व राजकुमार को दोष मुक्त करने का फैसला सुनाया।



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