अन्ना गौवंश से टकरा बाइक सवार युवक की ट्रक के नीचे आ जाने से दर्दनाक मौत
संजय साहू
चित्रकूट। कई बार हादसों का शिकार हम सड़क पर अतिक्रमण के चलते य फिर जानवरों से टकराकर हो जाते हैं। लेकिन इन मामलों पर रोक लगा पाना मतलब नाकों चने चबाने के बराबर है। सड़क किनारे दुकानदारो को प्रशासन द्वारा अल्टीमेटम देने के बाद भी मानने को तैयार नही है। झांसी-मिर्जापुर राष्ट्रीय राजमार्ग 35 पर देर रात हुए हादसे में एक युवक की मौत हो गई। गुस्साए लोगों ने परिजनों के साथ हाईवे पर जाम लगा दिया। काफी देर पुलिस के समझाने के बाद आवागमन सामान्य हो सका। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, सड़क पर बैठे मवेशी से टकराकर युवक की बाइक गिर गई और तेज रफ्तार ट्रक के पिछले पहियों के नीचे आ जाने से उसकी मौत हो गयी।
झांसी-मिर्जापुर राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे गीता क्लीनिक के पीछे रहने वाले नारायण दत्त शुक्ला महोबा जिले की चरखारी तहसील में लेखपाल हैं। उनका 26 वर्षीय अविवाहित पुत्र अमर शुक्ला शनिवार रात लगभग दस बजे बाइक से घर जा रहा था। बताया जाता है कि पंजाब नेशनल बैंक की शाखा के पास राजमार्ग पर बैठे मवेशी से टकराकर उसकी बाइक का संतुलन बिगड़ गया और वह गिर गया। जब तक वह उठता, सामने से आ रहे ट्रक ने उसे कुचल दिया। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी होते ही मौके पर परिजनों के साथ स्थानीय निवासियों की भीड़ पहुंच गई। लोगों ने सड़क पर अतिक्रमण और आवारा मवेशियों की वजह से दुर्घटनाएं होने की बात कहते हुए जाम लगा दिया।
लोगों की नो इंट्री का समय बदलने की मांग
हादसा इतना भयावह था कि दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं। सूचना पाकर पहुंचे कोतवाली प्रभारी दीपेंद्र सिंह और पुलिसकर्मियों ने इनको समझाया बुझाया, तब जाकर आवागमन सामान्य हुआ। इस दौरान लगभग डेढ़ घंटे तक राष्ट्रीय राजमार्ग 35 बाधित रहा ।सूचना के मुताबिक नारायण दत्त शुक्ला के दो बेटे थे, जिनमे अमर सबसे छोटा था।
बताया जाता है कि अमर अपने अमेठी से आए दोस्तों से मिलकर घर लौट रहा था कि हादसे का शिकार हो गया। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि ट्रक चालक भाग निकला।
गौवंश से टकरा हादसा होने के बाद सोया प्रशासन जागा
राजमार्ग और अन्य मार्गों पर अन्ना मवेशियों के विचरण न करने की बातें इस तरह के हादसों के बाद थोथी साबित हो जाती हैं। जिम्मेदार भी घटना को दूसरा रूप देने में जुट जाते हैं। प्रत्यक्षदर्शियों ने नाम छिपाते हुए बताया यह हादसा भी अन्ना मवेशी की वजह से ही हुआ। उधर, सड़क दुर्घटना के बाद पालिका के कर्मचारी वहां से मवेशियों को हटाने के लिए जुट गए। अन्ना मवेशियों की सबसे ज्यादा भरमार उन सड़कों पर भी है जहां से बड़के अधीकारीयों का आना जाना दिनभर में कई बार लगा होता है। शम्भु बाबु पेट्रोल पंप से लेकर पिपरावल पुल, चकरेही चौराहा, स्टेशन रोड, बस स्टैंड, एलआईसी से पासी मुहल्ले, ट्रैफिक चौराहे आदि पर देखे जा सकते हैं। जिलाधिकारी अभिषेक आनंद द्वारा लगभग हर बैठक में इस संबंध में निर्देशों का भी कोई असर नहीं दिखता।
चार दर्जन से ज्यादा सफ़ाई कमर्चारी दो पालियों में सड़क से हटाएंगे अन्ना गौवंश
उधर, इस संबंध में नगर पालिका सफाई निरीक्षक कमलाकांत शुक्ला ने बताया कि अन्ना मवेशियों को सड़कों से हटाने के लिए सफाईकर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। लगभग पचास सफाईकर्मियों को दो पालियों में तैनात किया जाएगा, जो हाईवे पर जानवरों को किनारे करेंगे।